JioBlackRock की अब शेयर मार्केट में एंट्री हो गई है। Jio ब्लैक रॉक को सेबी से ब्रोकरेज बिजनेस के लिए हरी झंडी मिल गई है। यानी अब Jio ना सिर्फ इंटरनेट मोबाइल और फाइनेंस में बल्कि शेयर मार्केट में भी आपके निवेश का साथी बनने वाला है। तो क्या अब Jio आपके स्टॉक्स खरीदेगा बेचेगा? क्या यह Zerodha, Groww और UStock जैसी कंपनियों को टक्कर दे पाएगा और क्या इससे आम निवेशकों को फायदा होगा? यह सब कुछ इस रिपोर्ट में समझने की कोशिश करेंगे। देखिए Jio ब्लैक रॉक ब्रोकिंग प्राइवेट लिमिटेड, यह Jio और ब्लैक रॉक का एक 50-50 जॉइंट वेंचर है जिसका मकसद है भारत में निवेश को आसान, सस्ता और तकनीक आधारित बनाना। अब इस कंपनी को सेबी से मंजूरी मिल गई है कि यह एक ब्रोकरेज फर्म के तौर पर काम कर सकती है। यानी यह अब शेयर खरीदने बेचने जैसे कामों में भी हिस्सा ले सकती है। Jio और ब्लैक का फोकस ना सिर्फ ब्रोकिंग तक सीमित होगा बल्कि इसका मकसद एक इन्वेस्टमेंट प्लेटफार्म बनना है जो तीन बड़े हिस्सों में बटा है। पहले हिस्से की बात करें तो JioBlackRock एसेट मैनेजमेंट यह एक म्यूच्यूल फंड और इन्वेस्टमेंट स्कीम्स के साथ आपके लिए आएगा। वहीं Jio ब्लैक रॉक इन्वेस्टमेंट एडवाइर्स जहां पर आपको पर्सनल फाइनशियल एडवाइज़री मिलेगी और Jio ब्लैक रॉक ब्रोकिंग जिसे अब ब्रोकरेज लाइसेंस मिल गया है। यह तीन वो पार्ट्स हैं जिसके बारे में हम आपको बताने वाले हैं। अब जब तीन यूनिट को सेबी से मंजूरी मिल चुकी है तो कंपनी भारत में निवेश से जुड़ी पूरे इको सिस्टम देने के लिए तैयार है। इस खबर के बाद Jio फाइनेंसियल सर्विज के शेयर में ताबड़तोड़ खरीददारी देखने को मिली है। खबर लिखे जाने तक की अगर बात करें तो आज 27 जून को Jio Finance का शेयर 4% की तेजी के साथ ₹327 पर कामकाज कर रहा था। इसका मतलब है कि बाजार को Jio की इस रणनीति पर पूरा भरोसा है और जब ब्लैक रॉक जैसी दिग्गज दुनिया की सबसे बड़ी एसेट मैनेजमेंट कंपनी साथ हो तो भरोसे की ताकत और भी ज्यादा बढ़ जाती है। अब सवाल यह उठता है कि आम निवेशकों के लिए यह कदम आखिर क्या मायने रखता है? चलिए इस पर भी बात कर लेते हैं। देखिए Jio ब्लैक रॉक का यह कदम एक सस्ता और सरल निवेश प्लेटफार्म लाएगा। Jio का फोकस हमेशा से लो कॉस्ट और डिजिटल एक्सेस रहा है। उम्मीद है कि Jio ब्लैक रॉक Groww और Zerodha जैसे प्लेटफार्म से भी सस्ती सर्विज देगा।
Jio की तकनीकी ताकत और ब्लैक रॉक का इन्वेस्टमेंट अनुभव मिलकर एक ऐसा प्लेटफार्म बना सकते हैं जो यूजर फ्रेंडली हो, फास्ट हो और आम आदमी की जरूरतों के मुताबिक हो। पर्सनल फाइनेंस एडवाइज़री की बात करें तो अगर आप खुद निवेश करना चाहते हैं तो आपको मिलेगा एक शानदार ब्रोकिंग प्लेटफार्म। अगर आप गाइडेंस चाहते हैं तो आपको मिलेगा पर्सनल इन्वेस्टमेंट एडवाइजर मार्क पिलग्रे सीईओ हैं जो Jio ब्लैक रॉक इन्वेस्टमेंट एडवाइर्स के, उन्होंने कहा है कि सेबी से ब्रोकरेज लाइसेंस मिलने की खुशी है।
कंपनी का टारगेट है भारत को सेविंग से इन्वेस्टमेंट की तरफ लेकर के जाना। वहीं Jio फाइनेंसियल सर्विज के सीईओ हितेश सेठिया का मानना है कि अब हम डिजिटल फर्स्ट इनोवेटिव और आसान निवेश समाधान दे पाएंगे। यह भारतीय निवेशकों के लिए एक गेम चेंजर साबित हो सकता है। Jio ब्लैक रॉक के आने से सबसे बड़ी चुनौती Zerodha, Groww, UpStock और Angle one को मिलने वाली है। इन सभी प्लेटफॉर्म्स ने पिछले कुछ सालों में तेजी से यूजर बेस बढ़ाया है। अब इनके लिए Jio ब्लैक रॉक से तगड़ा कंपटीशन आने वाला है। क्योंकि Jio ब्लैक रॉक के पास पहले से ही ग्राहकों की पहुंच है। 30 करोड़ का यूजर डेटाबेस है। अच्छा इंफ्रास्ट्रक्चर है और Jio फाइनशियल फाइनेंस सेक्टर में पकड़ बनाने जा रही है। यानी यह मुकाबला अब टेक प्लस ट्रस्ट वर्सेस एक्सपीरियंस का होगा। भारत में म्यूच्यूल फंड इन्वेस्टमेंट एडवाइस और स्टॉक ब्रोकरेज का बाजार बहुत बड़ा है। लेकिन अभी भी लाखों लोग इन सर्विज से वंचित हैं। Jio ब्लैक रॉक का डिजिटल फर्स्ट मॉडल और किफायती प्लेटफार्म इन सेवाओं को आम आदमी तक पहुंचा सकता है और यही उम्मीद भी की जा रही है। भारत में सिर्फ 6 से 7% लोग शेयर बाजार में सीधे निवेश करते हैं। अगर आप दूसरे देशों की बात करें तो अमेरिका में सबसे पहले आइए। यह आंकड़ा लगभग 50% से ऊपर है। Jio ब्लैक रॉक को सेबी की ब्रोकरेज मंजूरी मिलना सिर्फ एक लाइसेंस नहीं बल्कि भारत के निवेश बाजार में क्रांति की शुरुआत हो सकती है। अब निवेशकों को मिलेगा आसान और डिजिटल एक्सेस, सस्ती ब्रोकिंग, व्यक्तिगत सलाह और ग्लोबल एक्सपर्टीज। Zerodha और Grow जैसे प्लेटफॉर्म्स को कड़ी टक्कर देने वाला एक नया और बड़ा खिलाड़ी आ गया है। लेकिन बाजार में किस तरह से यह आपकी मदद कर सकता है? जब इसकी एंट्री इस प्लेटफार्म के तौर पर हो जाएगी तब Jio ब्लैक रॉक की सर्विज कैसे होंगी? यह देखने वाली बात होगी। आपको क्या लगता है? Jio ब्लैक रॉक से आम निवेशकों को कितनी राहत पहुंचेगी?